जाप के समय अपना पूरा ध्यान महादेव के चरणों में लगाएं।
भगवान शिव को समर्पित यह मंत्र "महामृत्युंजय मंत्र" के समान ही प्रभावशाली माना जाता है। शिव महापुराण की कथाओं में पंडित प्रदीप मिश्रा जी ने इस मंत्र की महिमा का विस्तार से वर्णन किया है।
रुद्राक्ष की माला से "श्री शिवाय नमस्तुभ्यं" का जाप करें।
सम्मुख घी का दीपक जलाएं।
केवल एक मंत्र नहीं, बल्कि भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने का एक महामंत्र है। सीहोर वाले पंडित प्रदीप मिश्रा जी के अनुसार, इस मंत्र का 108 बार जाप करने से जीवन की बड़ी से बड़ी बाधाएं दूर हो जाती हैं।
प्रतिदिन सुबह या शाम स्वच्छ होकर आसन पर बैठें।
"एक लोटा जल, समस्या का हल।" — पंडित प्रदीप मिश्रा
यदि आप किसी भारी समस्या या बीमारी से घिरे हैं, तो इस मंत्र का जाप अचूक फल देता है।